उम्मीद/hope
अगर सब कुछ बिखर जाएगा
तो किरदार तेरा निखर जाएगा
उम्मीद का दामन मत छोड़ दोस्त
जैसा भी हो वक़्त गुज़र जाएगा
अगर कहीं तुझे तेरा घर न मिले
तो कोई नहीं, तू शिखर जाएगा
और जितनी भी मुश्किलें हैं अभी
ये सफ़र एक दिन सुधर जाएगा
जैसा भी हो, बुरा हो या अच्छा ,
एक दिन तू भी यूँ सँवर जाएगा
कोई गाँव न मिले तुझे तो डर मत
तू एक दिन खुद में शहर जाएगा
जितनी हो रही भाग दौड़ होने दे
एक दिन तू भी खुद में ठहर जाएगा
- शिनाख्त
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